कह के आ गए उनसे कि जी लेंगे तुम्हारी बिन,
उनके जुदा होते ही जान पे बन आई है।
Picture SMS 90213
दूरियों की ना परवाह कीजिये,
दिल जब भी पुकारे बुला लीजिये,
कहीं दूर नहीं हैं हम आपसे,
बस अपनी पलकों को आँखों से मिला लीजिये।
Picture SMS 90167
शायद वो अपना वजूद छोड़ गया है मेरी हस्ती में,
यूँ सोते-सोते जाग जाना मेरी आदत पहले कभी न थी।
Picture SMS 90147
सजा न दे मुझे बेक़सूर हूँ मैं,
थाम ले मुझको ग़मों से चूर हूँ मैं,
तेरी दूरी ने कर दिया है पागल मुझे,
और लोग कहते हैं कि मगरूर हूँ मैं।
Picture SMS 90101
कहो तो इश्क़ अपना आज कागज़ पे निकाल दूँ;
के तुम आ जाओ करीब तुमको लफ़्ज़ों में ढाल दूँ!
Picture SMS 89919
नहीं जो दिल में जगह तो नजर में रहने दो,
मेरी हयात को तुम अपने असर में रहने दो,
मैं अपनी सोच को तेरी गली में छोड़ आया हूँ,
मेरे वजूद को ख़्वाबों के घर में रहने दो।
Picture SMS 89730
इक बार दिखाकर चले जाओ झलक अपनी;
हम जल्वा-ए-पैहम के तलबगार कहाँ है।

जल्वा-ए-पैहम - लगातार दर्शन
तलबगार - ख्वाहिशमंद, मुश्ताक, अभिलाषी
Picture SMS 89525
इश्क जाने ये कैसा मौसम ले आया है;
के ग़म की बरसात में दोनों भीग रहे!
Picture SMS 89387
इन आँखों में सूरत तेरी सुहानी है;
मोम सी पिघल रही मेरी जवानी है;
जिस शिद्दत से सितम हुए थे हम पर;
मर जाना चाहिए था, जिंदा हैं, हैरानी है!
Picture SMS 89273
मोहब्बत के आँसू को यूँ बहाया नहीं जाता;
इस मोती को पागल यूँ गंवाया नहीं जाता;
लिए हैं बोसे मैंने लब-ए-जाना के जब से;
ऐसे - वैसों से मुंह अब लगाया नहीं जाता!
Picture SMS 89222
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